भगवान की शरण में जाने से मनुष्य जीवन के तीनों तापों का हो जाता है नाश – कथा व्यास रिपोर्ट प्रियंका चौधरी
गरौठा झांसी। गरौठा के ग्राम कचीर में चल रही संगीतमय श्रीमद्भागवत के दूसरे दिन वृन्दावन धाम से पधारीं कथा वाचिका पूजा पाठक जी ने भागवत के मंगलाचरण की व्याख्या करते हुए कहा कि भागवत में सत्य की वंदना की गई है। उन्होंने कहा कि सत्य स्वरूप परमात्मा की शरण में जाने से मनुष्य के जीवन के तीनों ताप नष्ट हो जाते हैं ।उन्होंने कहा श्रीमद् भागवत कथा समस्त तापों को नष्ट करने वाली है। जो परमात्मा की शरण ग्रहण करता है उसके जीवन के समस्त ताप नष्ट हो जाते हैं। अतिथियों में महेशचंद्र विदुआ (जिलाध्यक्ष ब्राह्मण समाज) घनाराम मिश्रा ,रामपाल यादव हीरानगर, आनंद कुमारी (अमरौख) ने व्यास पीठ पर पुष्प अर्पित कर कथा व्यास से आशीर्वाद लिया ।महेशचंद्र विदुआ द्वारा कथाव्यास व मुख्य यजमान को पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया गया। कथा समापन के उपरांत भागवत कथा के मुख्य यजमान नीरज – विनोद गौतम द्वारा महापुराण की आरती उतारी गई।
इस अवसर पर दिनेश तिवारी (पुजारी) दुर्गेश गौतम (महंत) राहुल शास्त्री (कथा आचार्य), अमोल यादव, राजेश यादव,प्रभात सिंह,शैलेन्द्र परिहार,सत्यम पांचाल ,कल्याण यादव,देवेंद्र परिहार,दलजीत यादव आदि सहित बड़ी संख्या में भक्त मौजूद रहे।








