पेयजल पुनर्गठन योजना की खुदाई बनी हादसों का कारण, गिट्टी से भरीट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी
लगभग एक वर्ष से अधूरा पड़ा पाइपलाइन का कार्य, जगह-जगह खोदी सड़कें बनी परेशानी का सबब; अधिशासी अधिकारी के बीस दिन के वादे के बाद भी सड़कें जस की तस
बरुआसागर, (झांसी)। नगर पालिका परिषद बरुआसागर की सीमा क्षेत्र में पेयजल पुनर्गठन योजना नगरीय के अंतर्गत पाइपलाइन बिछाने का कार्य लंबे समय से जारी है। लगभग एक वर्ष का समय बीतने को है, लेकिन इसके बावजूद कई स्थानों पर कार्य अभी तक पूरा नहीं हो सका है। पाइपलाइन बिछाने के लिए जगह-जगह सड़कें खोद दिए जाने और समय पर सड़कों की मरम्मत न होने के कारण आमजन को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खोदी गई सड़कों पर बने गड्ढों, उबड़-खाबड़ रास्तों और निर्माण सामग्री के कारण आए दिन दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। मंगलवार को करीब 11 बजे सनौरा मुहल्ले में शैलेंद्र ठाकुर के घर के पास सड़क की खराब स्थिति के चलते एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पलट गई, लेकिन कोई भी हताहत नहीं हुआ जिससे क्षेत्र में लोगों में चिंता और आक्रोश बढ़ गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कें खोदने के बाद उन्हें व्यवस्थित तरीके से भरकर समतल किया जाना चाहिए था, लेकिन कार्य में देरी के कारण कई मार्ग लंबे समय से बदहाल स्थिति में पड़े हैं। रात के समय पर्याप्त रोशनी न होने से गड्ढों का अंदाजा नहीं हो पाता, जिससे दुर्घटना का खतरा और बढ़ जाता है।
अधिशासी अधिकारी ने दिया था 20 दिन का आश्वासन
इस सम्बन्ध में अधिशासी अधिकारी लाल जी ने कहा था कि करीब 20 दिन में सड़कों का काम पूरा हो जाएगा और जब तक सड़कें ठीक नहीं होती तब तक और पाइप लाइन का काम नहीं होगा। पहले जहां पर पाइप लाइन डल गयी है वहां के रोड सही होंगे उसके बाद ही कहीं खुदाई होगी।
वहीं 20 दिन गुजरने के बाद भी अभी तक सड़कें ठीक नहीं हुई हैं।* न तो खोदी गई सड़कों की मरम्मत हुई और न ही नई खुदाई पर रोक लगी है।
स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि पेयजल पुनर्गठन योजना का शेष कार्य शीघ्र पूरा कराया जाए और अधिशासी अधिकारी द्वारा दिए गए आश्वासन के अनुसार पहले खोदी गई सभी सड़कों की तत्काल मरम्मत एवं समतलीकरण कराया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके और भविष्य में किसी बड़े हादसे को टाला जा सके।
ठेकेदार की मनमानी, कछुआ चाल से चल रहा पेयजल योजना का कार्य
नगर में पेयजल पुनर्गठन योजना का कार्य कर रहे ठेकेदार की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि ठेकेदार द्वारा मनमाने तरीके से कार्य किया जा रहा है। जहां एक ओर पूरे नगर की सड़कों को खोदकर छोड़ दिया गया है, वहीं दूसरी ओर मरम्मत और पाइप लाइन बिछाने का कार्य कछुए की गति से चल रहा है।
एक साल बीत जाने के बाद भी कई वार्डों में कार्य अधूरा है। न तो पर्याप्त मजदूर लगाए जा रहे हैं और न ही खुदी हुई सड़कों पर सुरक्षा के कोई इंतजाम जैसे बैरिकेडिंग, संकेतक या रात में रिफ्लेक्टर लगाए गए हैं। लोगों का कहना है कि ठेकेदार पर विभागीय अधिकारियों का कोई अंकुश नहीं है, जिसके चलते वह अपनी मनमानी कर रहा है और खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है।
रिपोर्टर विनोद साहू








