अपराधियों के लिए काल, जनता के लिए ढाल: झांसी के जांबाज दरोगाओं को सलाम..

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अपराधियों के लिए काल, जनता के लिए ढाल: झांसी के जांबाज दरोगाओं को सला

झांसी पुलिस ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि जब वर्दी में हौसला, ईमानदारी और साहस एक साथ खड़े हो जाएँ, तो अपराध का अंत तय होता है। गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर झांसी पुलिस के दो जांबाज उपनिरीक्षक—एसओजी में तैनात जितेंद्र सिंह तक्खर और उपनिरीक्षक अतुल कुमार—को शौर्य रजत पदक से सम्मानित किया जाना न केवल उनके अदम्य साहस का प्रमाण है, बल्कि उन अपराधियों के लिए भी कड़ा संदेश है जो कानून को चुनौती देने का दुस्साहस करते हैं।
उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह तक्खर—नाम ही नहीं, पहचान बन चुका है। तेज-तर्रार कार्यशैली, सटीक रणनीति और अपराधियों की नब्ज़ पहचानने की बेजोड़ क्षमता के चलते उन्होंने कई जटिल मामलों को अंजाम तक पहुँचाया। संगठित अपराध हो या शातिर अपराधियों का नेटवर्क—तक्खर ने हर मोर्चे पर अपराधियों की कमर तोड़ी। जनता के बीच उनका सौम्य व्यवहार और पीड़ितों के प्रति संवेदनशीलता उन्हें एक आदर्श पुलिस अधिकारी बनाती है। लेकिन अपराधियों के लिए वे किसी काल से कम नहीं—जहाँ पहुंचे, वहाँ अपराध की साँसें उखड़ गईं।
वहीं उपनिरीक्षक अतुल कुमार—निर्भीकता और साहस का दूसरा नाम। जोखिम भरे अभियानों में सबसे आगे रहना, अपराधियों के सामने बिना डरे खड़े होना और कानून का राज स्थापित करना—यही उनकी पहचान है। कई मौकों पर अपनी जान की परवाह किए बिना उन्होंने कुख्यात अपराधियों को धर दबोचा। उनके साहसिक कार्यों ने यह साफ कर दिया है कि झांसी की धरती अपराधियों के लिए सुरक्षित ठिकाना नहीं, बल्कि अंत की शुरुआत है।
झांसी एसएसपी बीबीजीटस मूर्ति द्वारा दोनों जांबाजों को बधाई दिया जाना पूरे पुलिस महकमे के लिए गर्व का विषय है। यह सम्मान केवल दो अधिकारियों का नहीं, बल्कि उस पूरी टीम का है जो दिन-रात जनता की सुरक्षा में जुटी रहती है। गणतंत्र दिवस पर दिया जाने वाला शौर्य रजत पदक उनके बलिदान, कर्तव्यनिष्ठा और अडिग संकल्प की मुहर है।
आज झांसी पुलिस महकमे में खुशी की लहर है, लेकिन यह खुशी अपराधियों के लिए चेतावनी है। कानून से खेलने वालों के लिए अब कोई जगह नहीं। झांसी पुलिस ने साफ कर दिया है—या तो सुधर जाओ, या फिर कानून के शिकंजे के लिए तैयार रहो।
अपराधियों के लिए काल और जनता के लिए मददगार—झांसी के इन नायकों को सलाम।
वर्दी का यह सम्मान, साहस की यह गूंज, और कानून का यह प्रहार—झांसी पुलिस की पहचान बन चुका है।

News 30 Express
Author: News 30 Express

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