20 हज़ार की छिनैती या कहानी में पेंच
झांसी। मोठ कोतवाली इलाके के ग्राम बम्हरौली में एक प्रकरण ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। गांव के निवासी अशोक कुमार ने पुलिस को शिकायती पत्र देकर आरोप जड़ा है कि गांव के ही दो लोगों ने न सिर्फ उनकी पिटाई की बल्कि जेब से बीस हज़ार रुपये भी निकाल लिए। आरोप है कि यह वारदात 15 सितंबर की दोपहर दो बजे प्राइमरी स्कूल बम्हरौली के पास हुई। अशोक कुमार का कहना है कि पहले उन्हें रोका गया, फिर गालियां दी गईं, मारपीट की गई और आखिरकार बीस हज़ार रुपये जेब से निकाल लिए गए।
पीड़ित की मानें तो दबंगई का आलम इतना था कि आरोपी यह तक कहने लगे कि “तुमसे पांच हज़ार रुपये लेना है”, और इसी बहाने रकम दबा ली। पीड़ित ने न्याय की गुहार लगाते हुए शिकायती पत्र पुलिस को सौंप दिया है।
लेकिन असली सवाल यहीं से शुरू होते हैं—पीड़ित अशोक कुमार 20 हज़ार रुपये लेकर आखिर जा कहां रहे थे? इतनी बड़ी रकम साथ लिए घूमने की क्या वजह थी? क्या यह रकम सचमुच उनके पास थी? या फिर विवाद का ताना-बाना कुछ और है?
फिलहाल मामले की सच्चाई पुलिस जांच पर टिकी है। लेकिन यह तो तय है कि आरोप और जवाबी आरोपों के बीच कहानी में कई पेंच छिपे हैं। कहीं यह महज़ एक झगड़े को बढ़ाकर पेश करने की चाल तो नहीं? या फिर सचमुच दिनदहाड़े लूट हुई?
मोठ कोतवाली पुलिस के लिए यह सिर्फ एक शिकायत भर नहीं, बल्कि जांच की कसौटी है। क्योंकि जब मामला रकम और मारपीट से जुड़ा हो, तब आधा सच और आधा झूठ मिलकर पूरी तस्वीर को धुंधला कर देते हैं। असली खेल क्या है, यह तभी सामने आएगा जब पुलिस तह तक जाएगी।









